
खांसी क्या है? खांसी हर बदलते मौसम के साथ आने वाली समस्या है। यह हर उम्र के लोगों को होती है परंतु खांसी अधिकतर बुजुर्गों में होने वाली समस्या है। अधिकतर सर्दी के मौसम में बुजुर्ग लोग को खांसी लंबे समय तक परेशान करता है। खांसी बैक्टीरियल या वायरल इनफेक्शन एलर्जी साइनस इनफेक्शन ठंड के कारण हो सकती है लेकिन आज के दौर में लोग हर परेशानी के लिए बार-बार डॉक्टर के पास जाना नहीं चाहते क्योंकि उनके पास अधिक समय नहीं रहता और घरेलू उपचार के द्वारा ठीक होने की कोशिश करते हैं क्योंकि घरेलू उपचार से कोई भी हानि नहीं होती है और खांसी जैसे उपचार जल्द ही ठीक हो जाते हैं तो आइए जानते हैं आपको कुछ घरेलू नुस्खे 1. मुलेठी कथा और गोंद बबूल प्रत्येक 10 ग्राम लेकर मतलब सभी को 10-10 ग्राम लेकर उन सभी को पीसकर कपड़ों से छान लें। अदरक के रस में दो-तीन अदरक के रस में उन सभी को मिलाकर गोलियां बना लें और एक-एक गोली चूसते रहे खांसी के लिए अत्यंत लाभदायक होती है। 2. 10 12 तुलसी के पत्ते और 8-10 काली मिर्च की चाय बनाकर पीने से खांसी जुकाम बुखार ठीक हो जाता है। 3. आंवले के छिलके को सुखाकर चूर्ण बनाकर और बराबर उसमें मिश्री मिला लें। 6 ग्राम सुबह ताजे पानी से खाएं। पुराना से पुराना खांसी ठीक हो जाएगी। 4. मुलेठी , काली मिर्च 10-10 ग्राम मिलाकर पीस लें और 30 ग्राम पुराने गुड़ में मिला ले। मटर जितनी गोलियां बनाकर ताजे पानी के साथ सेवन करें। खांसी जड़ से ठीक हो जाएगी। 5. अदरक का रस व शहद 10-10 ग्राम बराबर मिलाकर गर्म करके चाटने से खांसी ठीक हो जाती है। Khansi do prakar ki hoti hai-1. Gili khansi 2. सूखी खांसी. गीली खांसी किसे कहते हैं आइए जानते हैं गीली खांसी उसे कहते हैं
गीली खांसी में जब व्यक्ति खास रहा हो तो है तो उनके गले से cough निकलते हैं गीली खांसी में व्यक्ति को हल्दी वाला दूध नहीं पीना चाहिए. 2. सूखी खांसी उसे कहते हैं जिसमें व्यक्ति जब खास रहा हो तो हैं तो उनके गले से बलगम बाहर नहीं निकलते हैं सूखी खांसी में व्यक्ति बार-बार खस्ता हैं। सूखी खांसी में हल्दी वाला दूध पीने से गले को आराम मिलती है
